
गोवा के नाइट क्लब में लगी आग और लूथरा ब्रदर्स
पिछले हफ्ते उत्तरी गोवा के नाइट क्लब में लगी भीषण आग में 25 लोगों की जान चली गई। गोवा पुलिस मामले की जांच में जुटी हुई है। आरोपी सौरभ और गौरव लूथरा दोनों ही देश छोड़कर भाग गए। ये दोनों लूथरा ब्रदर्स बिर्च बाय रोमियो लेन नामक नाइट क्लब के सह-मालिक शामिल हैं, जहां यह घातक आग लगी थी।
दिल्ली में एक शादी समारोह में शामिल थे लूथरा ब्रदर्स
गोवा नाइट क्लब में जिस वक्त आग लगी उस समय दोनों लूथरा भाई शादी में शामिल थे। यह शादी दिल्ली में थी। साथ में परिवार भी था। आग लगने के बाद तुरंत भागने की प्लानिंग की। जब कि अजय गुप्ता (बुधवार को गिरफ्तार आरोपी) आग लगने के समय गोवा में मौजूद था लेकिन घटनास्थल पर नहीं था।
दिल्ली से पकड़ी फ्लाइट
हालांकि, उसने रविवार सुबह फ्लाइट ली और दिल्ली के लिए रवाना हुआ। जब गोवा पुलिस गुप्ता के गुरुग्राम स्थित आवास पर गई तो वे वहां नहीं मिला। जानबूझकर लाजपत नगर के एक अस्पताल में अपना नाम दर्ज कराया। मंगलवार को उन्हें वहां ढूंढ लिया गया और पकड़ा गया। इन गतिविधियों से पता चलता है कि आरोपियों ने भागने और छिपने की कोशिश की।
थाइलैंड में लिए गए हिरासत में
अधिकारियों ने गुरुवार को पुष्टि की कि गौरव (44) और 40 वर्षीय सौरभ लूथरा, जो आग लगने के कुछ घंटों बाद दिल्ली से भाग गए थे। उनको थाईलैंड में हिरासत में लिया गया है। इसके कुछ घंटों बाद ही दिल्ली की एक अदालत ने उनकी ट्रांजिट अग्रिम जमानत याचिकाएं खारिज कर दीं।
हिरासत में लिए जाने के बाद लूथरा ब्रदर्स ने की ये मांग
कोर्ट आरोपियों द्वारा दायर दो जमानत याचिकाओं पर सुनवाई कर रही थी, जिनमें चार सप्ताह की अग्रिम जमानत की मांग की गई थी ताकि थाईलैंड से दिल्ली लौटने के बाद उन्हें तुरंत गिरफ्तार न किया जाए।
गोवा सरकार ने अपना रुख स्पष्ट कर दिया कि दोनों भाइयों को जल्द से जल्द वापस लाया जाएगा ताकि उन्हें कानून के पूर्ण प्रावधानों का सामना करना पड़े।
जांच का सामना करने के लिए तैयार
कोर्ट में राज्य के वकील ने सरकार के रुख को रेखांकित करते हुए तीखे शब्दों में कहा, ‘वे भाग गए, छिप गए और अब नरमी की गुहार लगा रहे हैं।’ वकील ने इस बात पर जोर दिया कि घटना के तुरंत बाद दोनों आरोपी फरार हो गए और कानूनी प्रक्रिया से बच निकले। दोनों भाइयों के वकीलों में से एक ने यह कहकर जवाब दिया कि लूथरा भाई तुरंत लौटने और जांच का सामना करने के लिए तैयार हैं।
दिल्ली से पकड़ी थाइलैंड के लिए फ्लाइट
गोवा पुलिस ने पहले बताया था कि क्लब में आग लगने के कुछ ही घंटों के भीतर गौरव लूथरा इंडिगो की फ्लाइट से फुकेत (थाईलैंड) भाग गया था। सीबीआई के माध्यम से गोवा पुलिस के अनुरोध पर 9 दिसंबर को इंटरपोल ब्लू कॉर्नर नोटिस जारी किया गया था।
जमानत देने के लिए इच्छुक नहीं है कोर्ट
अतिरिक्त सत्र न्यायाधीश वंदना ने लूथरा भाइयों की अग्रिम जमानत याचिका खारिज करते हुए कहा कि यह अपराध गंभीर प्रकृति का है क्योंकि आग में 25 लोगों की जान चली गई थी। न्यायाधीश ने कहा कि याचिकाकर्ताओं के आचरण और आरोपों की प्रकृति को देखते हुए कोर्ट उन्हें जमानत देने के लिए इच्छुक नहीं है।
सुबह 5:20 की थी फ्लाइट
उन्होंने बताया कि दस्तावेजों से पता चलता है कि आरोपी ने 7 दिसंबर को सुबह 1.17 बजे (आग लगने के एक घंटे से अधिक समय बाद) फुकेत के लिए टिकट बुक किए थे और उड़ान सुबह 5.20 बजे रवाना हुई थी।
मिर्गी और हाई ब्लड प्रेशर का बनाया बहाना!
कोर्ट ने गौरव लूथरा द्वारा बताए गए चिकित्सीय कारणों मिर्गी और हाई ब्लड प्रेशर को भी खारिज कर दिया। यह देखते हुए कि उनके वकील ने खुद कहा था कि उनकी स्थिति ऐसी नहीं है कि वे किसी दूसरे देश की यात्रा न कर सकें। न्यायाधीश ने कहा कि चिकित्सा दस्तावेज पुराने थे और उनमें किसी गंभीर चिकित्सीय स्थिति का उल्लेख नहीं है।
कोर्ट ने लूथरा बंधुओं के जीवन को तत्काल खतरा होने के तर्क को खारिज कर दिया। कोर्ट ने कहा, ‘जांच प्राधिकरण या अदालत द्वारा कानून के अनुसार की गई कार्रवाई को जीवन के खतरे की आशंका नहीं कहा जा सकता।’
जानिए क्या बोले गोवा के सीएम?
गोवा पुलिस ने कहा कि दोनों भाइयों पर उचित सावधानी बरते बिना और अग्नि सुरक्षा उपकरण अन्य सुरक्षा उपकरण उपलब्ध कराए बिना आग का शो आयोजित करके चोट पहुंचाने, गैर इरादतन हत्या और हत्या का आरोप है। गोवा के मुख्यमंत्री प्रमोद सावंत ने सरकार के संकल्प को दोहराते हुए आश्वासन दिया कि गोवा पुलिस और सीबीआई की संयुक्त टीम दोनों भाइयों को जितनी जल्दी हो सके वापस ले आएंगी।





































