अगर आप सुरक्षित निवेश के साथ अच्छा रिटर्न चाहते हैं, तो पंजाब नेशनल बैंक की 5 साल की फिक्स्ड डिपॉजिट (FD) एक अच्छा ऑप्शन हो सकती है। शेयर बाजार में उतार-चढ़ाव के बीच FD में आपका पैसा सुरक्षित रहता है और आपको तय ब्याज दर के अनुसार स्थिर रिटर्न मिलता है। मान लीजिए आप ₹2,00,000 की राशि 5 साल के लिए पंजाब नेशनल बैंक की FD में जमा करते हैं। तो बैंक आपको इस रकम पर हर साल एक तय ब्याज देगा। यह ब्याज समय के साथ जुड़ता रहता है, जिससे आपकी कुल राशि (मॅच्योरिटी अमाउंट) बढ़ती जाती है। 5 साल पूरे होने पर आपको आपकी जमा की गई रकम के साथ-साथ ब्याज मिलाकर एक अच्छा खासा अमाउंट वापस मिलेगा। आइए जानते हैं आपको आपको कितना ब्याज मिलेगा और मैच्योरिटी पर कुल रकम कितनी बनेगी।
5 साल की एफडी पर ब्याज
पंजाब नेशनल बैंक की ऑफिशियल वेबसाइट के मुताबिक, मौजूदा समय में 5 वर्ष की अवधि वाली एफडी स्कीम पर सामान्य ग्राहक को 6.10 प्रतिशत ब्याज ऑफर कर रहा है, जबकि सीनियर सिटीजन को 6.60 प्रतिशत ब्याज ऑफर कर रहा है। इसी तरह, सुपर सीनियर सिटीजन को भी 6.90 प्रतिशत ब्याज दे रहा है। ब्याज दर बैंक और अवधि के अनुसार बदलती रहती है, इसलिए जमा करने से पहले वर्तमान दर जरूर चेक करें।
FD में ₹2,00,000 जमा पर रिटर्न का कैलकुलेशन
आज की तारीख में एक सामान्य ग्राहक के तौर पर अगर आप पंजाब नेशनल बैंक की 5 साल की अवधि वाली एफडी में 2,00,000 रुपये जमा करेंगे तो बैंक के एफडी कैलकुलेटर के हिसाब से, मैच्योरिटी पर आपको ₹70,701 रिटर्न मिलेगा। निवेश राशि और रिटर्न को मिलाकर तब आपके पास कुल ₹2,70,701 होंगे। अगर आप सीनियर सिटीजन हैं और पंजाब नेशनल बैंक की 5 साल की अवधि वाली एफडी में 2,00,000 रुपये जमा करते हैं तो कैलकुलेशन के हिसाब से आपको ₹77,445 रिटर्न मिलेगा। यानी मैच्योरिटी पर कुल ₹2,77,445 रुपये होंगे। वहीं, सुपर सीनियर सिटीजन को पंजाब नेशनल बैंक की 5 साल की अवधि वाली एफडी में 2,00,000 रुपये जमा करते हैं तो कैलकुलेशन के हिसाब से आपको ₹81,568 रिटर्न मिलेगा। यानी मैच्योरिटी पर कुल ₹2,81,568 रुपये होंगे।
एफडी एक भरोसेमंद निवेश का तरीका है, जिसमें आप बैंक में एक निश्चित रकम एक साथ जमा करते हैं और उसे तय समय के लिए लॉक कर देते हैं। इस दौरान बैंक आपको पहले से निर्धारित ब्याज दर के अनुसार रिटर्न देता है। यह ब्याज दर आम बचत खाते से ज्यादा होती है और पूरी अवधि में स्थिर रहती है। निवेश करते समय ही आपको यह साफ पता होता है कि अंत में आपको कितना ब्याज और कुल राशि मिलेगी।






































