मुंबई के वानखेड़े स्टेडियम में खेले गए अंतरराष्ट्रीय क्रिकेट परिषद पुरुष बीस ओवर विश्व कप के सेमीफाइनल मुकाबले में भारत ने इंग्लैंड को रोमांचक मुकाबले में हराकर फाइनल में जगह बना ली है। इस मैच में जहां एक तरफ बल्लेबाजी में दमदार प्रदर्शन देखने को मिला, वहीं मैदान पर अक्षर पटेल की क्षेत्ररक्षण ने भी सबका ध्यान खींचा है।
मौजूद जानकारी के अनुसार भारत ने पहले बल्लेबाजी करते हुए सात विकेट के नुकसान पर 253 रन का बड़ा स्कोर खड़ा किया। टीम के लिए संजू सैमसन ने तेजतर्रार पारी खेलते हुए इंग्लैंड के गेंदबाजों पर दबाव बनाया और टीम को मजबूत स्थिति में पहुंचाया है।
इसके जवाब में इंग्लैंड की ओर से जैकब बेथेल ने शानदार शतक लगाकर मुकाबले को रोमांचक बना दिया। एक समय ऐसा लग रहा था कि इंग्लैंड मैच में वापसी कर सकता है, लेकिन भारतीय टीम के क्षेत्ररक्षण ने कई अहम मौकों पर मैच का रुख बदल दिया है।
बता दें कि मैच के दौरान पहला बड़ा क्षण तब देखने को मिला जब जसप्रीत बुमराह की धीमी गेंद पर इंग्लैंड के बल्लेबाज हैरी ब्रूक ने कवर के ऊपर शॉट खेला। गेंद हवा में काफी ऊंची चली गई, जिसके बाद अक्षर पटेल लगभग 24 मीटर दौड़ते हुए पीछे की ओर गए और शानदार गोता लगाकर मुश्किल कैच पूरा किया है। यह कैच मैच के अहम मोड़ों में से एक माना जा रहा है।
इस शानदार कैच की तारीफ करते हुए पूर्व भारतीय कप्तान सुनील गावस्कर ने कहा कि अक्षर पटेल का यह कैच अविश्वसनीय रहा। उन्होंने कहा कि हैरी ब्रूक जैसे बल्लेबाज को आउट करने का मौका हाथ से नहीं जाने देना चाहिए और अक्षर ने वही किया है।
गौरतलब है कि अक्षर पटेल ने सिर्फ एक कैच ही नहीं पकड़ा, बल्कि बाद में एक और अहम मौके पर शानदार क्षेत्ररक्षण करके इंग्लैंड की साझेदारी तोड़ने में भूमिका निभाई है। इंग्लैंड के बल्लेबाज विल जैक्स और जैकब बेथेल के बीच बन रही साझेदारी भारत के लिए चिंता का कारण बन रही थी।
इसी दौरान डीप प्वाइंट की ओर जा रही गेंद को अक्षर पटेल ने तेजी से दौड़ते हुए रोक लिया। संतुलन बिगड़ने के बावजूद उन्होंने समझदारी दिखाते हुए गेंद को शिवम दुबे की ओर फेंका, जिन्होंने कैच पूरा कर लिया है। इस तरह इंग्लैंड की एक महत्वपूर्ण साझेदारी टूट गई है।
सुनील गावस्कर ने अक्षर पटेल के इस प्रदर्शन की सराहना करते हुए कहा कि वह अब एक सम्पूर्ण खिलाड़ी के रूप में उभर रहे हैं। उनका कहना था कि बल्लेबाजी और गेंदबाजी के साथ-साथ क्षेत्ररक्षण में भी अक्षर का योगदान टीम के लिए बेहद अहम बनता जा रहा है।
गावस्कर ने यह भी कहा कि भारतीय क्रिकेट में पहले रवींद्र जडेजा जैसे बेहतरीन क्षेत्ररक्षक का प्रभाव देखा गया था और अब अक्षर पटेल उसी भूमिका को अच्छी तरह निभाते नजर आ रहे हैं।
कुल मिलाकर इस मुकाबले में अक्षर पटेल की चुस्ती और समझदारी ने भारतीय टीम की जीत में अहम भूमिका निभाई है। मैदान पर उनकी तेज फुर्ती ने कई मौकों पर इंग्लैंड की रन गति को रोका और अंत में भारत को फाइनल तक पहुंचाने में मदद मिली है।





































