42 मिनट पहले
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परेश रावल उत्तर प्रदेश के मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ की बायोग्राफी ‘अजेय द अनटोल्ड स्टोरी ऑफ योगी’ में नजर आने वाले हैं। तमाम चुनौतियों के बाद फाइनली फिल्म 19 सितंबर को रिलीज होने जा रही है। सब्जेक्ट की वजह से विवादों में घिरी इस फिल्म को पहले केंद्रीय फिल्म प्रमाणन बोर्ड ने प्रमाण पत्र देने से इनकार कर दिया था, लेकिन हाल ही में बॉम्बे हाईकोर्ट ने इसे बिना किसी कट के मंजूरी दे दी।
हिंदुस्तान टाइम्स से बात करते हुए एक्टर परेश रावल ने अपनी प्रतिक्रिया दी है। एक्टर का कहना है- ‘मुझे ऐसा लग रहा है कि अभी के समय में कोई भी फिल्म बनाना मुश्किल होता है। सोशल मीडिया किसी के भी ऊपर हावी हो जाता है। कभी सही, कभी गलत। लेकिन अगर आपकी नीयत और नीति नेक है, अगर आपके इरादे गलत नहीं हैं और फिल्म ईमानदारी से बनी है, तो आपको लोगों के बारे में नहीं सोचना चाहिए। मैं कभी नहीं समझ पाऊंगा कि हर इंसान क्या चाहता है। मैं सिर्फ वही बना सकता हूं, जो मुझे पसंद हो। इस तरह आप अपनी पसंद सीमित कर सकते हैं। योगी जी जैसा किरदार है तो मामला क्रिटिकल हो जाता है। सीबीएफसी सावधान रहती है।’

परेश आगे कहते हैं- ‘वह आदमी अभी जिंदा है और काम कर रहा है। वह अपने करियर के मध्य में है। फिल्म की कहानी योगी जी के राजनीति में पहुंचने तक की है। यह उनकी अनकही कहानी है, जो पब्लिक में है उसको आप अनकहा नहीं बोल सकते।’
सोशल मीडिया ट्रोलिंग पर अपना नजरिया शेयर करते हुए परेश ने बताया- ‘मैं डरने वाला नहीं हूं यार, ट्रोल्स को तो मैं अच्छी तरह जवाब भी देना जानता हूं। वे आजकल सोशल मीडिया पर कुछ भी जल्दी-जल्दी पोस्ट कर देते हैं। जिसकी बात कोई घर वाले भी नहीं सुनते थे, उनकी बात पर अगर दुनिया चर्चा करती है तो उन्हें अच्छा लगता है।’
बता दें कि परेश ने साल 2018 में बायोपिक फिल्म ‘संजू’ में अभिनय किया था, जिसकी भी इस तरह आलोचना हुई थी।







































