
दिल्ली-एनसीआर और पश्चिमी उत्तर प्रदेश के लोगों के लिए अच्छी खबर है। उत्तर प्रदेश के मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ ने बताया है कि प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी मार्च में जेवर स्थित नोएडा इंटरनेशनल एयरपोर्ट का उद्घाटन करेंगे। सिंगापुर में भारतीय समुदाय से बातचीत के दौरान सीएम योगी ने कहा कि यह एयरपोर्ट देश के सबसे बड़े हवाईअड्डों में शामिल होगा।
सीएम योगी आदित्यनाथ ने बताया कि एयरपोर्ट लगभग तैयार है और उद्घाटन के लिए प्रधानमंत्री से समय मांगा गया था। अब मार्च में इसके औपचारिक उद्घाटन की तैयारी है। कई बार समयसीमा आगे बढ़ने के बाद यह प्रोजेक्ट अंतिम चरण में पहुंचा है। खास बात यह है कि अब इस एयरपोर्ट में पहले प्रस्तावित दो की जगह पांच रनवे होंगे, जिससे इसकी क्षमता और भी बढ़ जाएगी।
पहले चरण में क्या-क्या होगा खास?
पहले चरण में एयरपोर्ट 1334 हेक्टेयर क्षेत्र में विकसित किया गया है। इसमें एक रनवे और एक अत्याधुनिक टर्मिनल भवन होगा, जिसकी सालाना यात्री क्षमता 1.2 करोड़ होगी। 31 अक्टूबर 2025 को एयरपोर्ट ने एक महत्वपूर्ण पड़ाव पार किया, जब भारतीय विमानपत्तन प्राधिकरण द्वारा पहली कैलिब्रेशन फ्लाइट की सफल लैंडिंग कराई गई। यह परीक्षण किसी भी नए एयरपोर्ट के संचालन से पहले नेविगेशन और कम्युनिकेशन सिस्टम की सटीकता जांचने के लिए जरूरी होता है।
बजट में विशेष प्रावधान
उत्तर प्रदेश सरकार ने 2026-27 के बजट में नागरिक उड्डयन क्षेत्र के लिए 2111 करोड़ रुपये का प्रावधान किया है। इसमें से 750 करोड़ रुपये खास तौर पर जेवर स्थित नोएडा इंटरनेशनल एयरपोर्ट के विकास के लिए आवंटित किए गए हैं। इसके अलावा राज्यभर में हवाई पट्टियों के विस्तार और भूमि अधिग्रहण के लिए 1100 करोड़ रुपये प्रस्तावित हैं।
ग्लोबल निवेश पर फोकस
सिंगापुर दौरे के दौरान सीएम योगी ने वहां के प्रधानमंत्री लॉरेंस वोंग और कई प्रमुख उद्योगपतियों से मुलाकात की। उन्होंने निवेश, इंफ्रास्ट्रक्चर, स्किल डेवलपमेंट और डिजिटल इकॉनमी में सहयोग बढ़ाने पर चर्चा की। विभिन्न कंपनियों के साथ ग्रुप हाउसिंग, लॉजिस्टिक्स, डेटा सेंटर और तकनीकी शिक्षा से जुड़े एमओयू भी साइन हुए, जिससे प्रदेश में रोजगार और निवेश को बढ़ावा मिलने की उम्मीद है।






































