अगर आप सुरक्षित निवेश के साथ बेहतर रिटर्न की तलाश में हैं, तो सार्वजनिक क्षेत्र के पंजाब नेशनल बैंक (पीएनबी) की 444 दिनों वाली फिक्स्ड डिपॉजिट (एफडी) स्कीम आपके लिए एक आकर्षक विकल्प हो सकती है। खास बात यह है कि इस अवधि पर बैंक आम एफडी के मुकाबले बेहतर ब्याज दर ऑफर करता है। ऐसे में अगर आप 2,50,000 रुपये जमा करना चाहते हैं, तो मैच्योरिटी पर आपको कितना रिटर्न मिलेगा और ब्याज की गणना कैसे होगी, इसे समझना आपके लिए जरूरी है, ताकि आप सही निवेश निर्णय ले सकें।
कितना मिल रहा ब्याज?
पंजाब नेशनल बैंक की ऑफिशियल वेबसाइट के मुताबिक, 24 फरवरी 2026 से 444 दिनों की एफडी पर सामान्य ग्राहकों को 6.60 प्रतिशत ब्याज मिल रहा है। अगर आप सीनियर सिटीजन हैं तो आपको 0.50 प्रतिशत ज्यादा ब्याज यानी 7.10 प्रतिशत ऑफर किया जा रहा है। इसके अलावा, सुपर सीनियर सिटीजन को पीएनबी की इस अवधि की एफडी के बदले 7.40 प्रतिशत ब्याज ऑफर किया जा रहा है।
₹2,50,000 जमा करने पर रिटर्न
पीएनबी एफडी कैलकुलेटर के मुताबिक, एक सामान्य ग्राहक को 444 दिनों की इस एफडी पर 250000 रुपये के निवेश पर रिटर्न के तौर पर कुल 20,722 रुपये मिलेंगे। यानी मैच्योरिटी पर 2,70,722 रुपये होंगे। इसी तरह, सीनियर सिटीजन को इस राशि की एफडी पर 7.10 प्रतिशत ब्याज के आधार पर कुल रिटर्न 22,345 रुपये मिलेगा। यानी आखिर में कुल 2,72,345 रुपये का फंड तैयार हो जाएगा। अगर आप सुपर सीनियर सिटीजन की कैटेगरी में हैं तो 7.40 प्रतिशत ब्याज के आधार पर कैलकुलेशन के मुताबिक, कुल रिटर्न 23,323 रुपये मिलेगा। यानी आपके पास मैच्योरिटी के वक्त 2,73,323 रुपये होंगे।
एफडी के हैं कई प्रकार
स्टैंडर्ड फिक्स्ड डिपॉजिट: एक नियमित या स्टैंडर्ड फिक्स्ड डिपॉजिट वह है जिसके जरिये एक निवेशक बैंक या वित्तीय संस्थान में एकमुश्त राशि जमा करता है और उसे वापसी में ब्याज अर्जित करते हैं।
सीनियर सिटीज़न फिक्स्ड डिपॉजिट: यह एक नियमित फिक्स्ड डिपॉजिट की तरह ही होते हैं, लेकिन यह विशेष रूप से 60 वर्ष से अधिक आयु के व्यक्तियों के लिए होते हैं।
टैक्स-सेविंग फिक्स्ड डिपॉजिट: यह एक खास एफडी होते हैं जो टैक्स की बचत करते हैं। फिक्स्ड डिपॉजिट आयकर अधिनियम, 1961 की धारा 80ग के तहत टैक्स लाभ मिलता है। इस एफडी में आप अधिकतम ₹1.5 लाख इन्वेस्ट कर सकते हैं।
कॉर्पोरेट फिक्स्ड डिपॉजिट: कॉर्पोरेट फिक्स्ड डिपॉजिट बैंकों की जगह कॉर्पोरेट हाउस की तरफ से ऑफर किए जाते हैं। ये कॉर्पोरेट हाउस, वित्तीय या गैर बैंकिंग वित्तीय कंपनियां हो सकती हैं। इस प्रकार की डिपॉजिट पर एफडी की ब्याज दरें अधिक होती हैं।
फ्लेक्सी फिक्स्ड डिपॉजिट: यह एक सुविधाजनक निवेश विकल्प है जो आपके बैंक सेविंग अकाउंट से लिंक होते हैं। अगर आपके सेविंग अकाउंट में बैलेंस सीमा से अधिक है, तो अतिरिक्त फंड आपके एफडी अकाउंट में स्वाइप हो जाते हैं।
एफसीएनआर फिक्स्ड डिपॉजिट: विदेशी मुद्रा अनिवासी (एफसीएनआर) जमा अनिवासी भारतीयों के लिए उपयुक्त विकल्प है जो भारत में एफडी बनाए रखना चाहते हैं।







































