Highlights
- केंद्रीय शिक्षा मंत्री ने पेपर लीक पर क्या कहा?
- अमित शाह ने ट्वीट कर जताई खुशी
- केंद्रीय मंत्री जितेंद्र सिंह का बयान
लोकसभा में पेपर लीक विरोधी बिल पास होने के बाद केंद्रीय शिक्षा मंत्री प्रह्लाद जोशी का पहला बयान सामने आया है। प्रह्लाद जोशी ने कहा कि “यह ऐतिहासिक कानून प्रतियोगी परीक्षाओं की पवित्रता की रक्षा करेगी। उन्होंने कहा, लोकसभा ने Public Examinations (Prevention of Unfair Means) Amendment Bill, 2026 को ध्वनिमत से पारित कर परीक्षा प्रणाली में पारदर्शिता, निष्पक्षता और विश्वसनीयता सुनिश्चित करने की दिशा में एक ऐतिहासिक कदम उठाया है।”
क्या क्या कहा केद्रीय शिक्षा मंत्री ने?
केंद्रीय शिक्षा मंत्री प्रह्लाद जोशी ने आगे कहा, “इस विधेयक के तहत कड़ी सजा, फास्ट-ट्रैक अदालतें, सशक्त जांच तंत्र और परीक्षा में धांधली करने वालों के खिलाफ सख्त कानूनी कार्रवाई का प्रावधान किया गया है, जिससे पेपर लीक के पूरे नेटवर्क पर प्रभावी रोक लगाई जा सकेगी। यह ऐतिहासिक कानून प्रतियोगी परीक्षाओं की पवित्रता की रक्षा करने और देश के करोड़ों युवाओं के सपनों एवं मेहनत को सुरक्षित रखने की दिशा में एक निर्णायक पहल है।”
अमित शाह ने किया पोस्ट
केंद्रीय गृह मंत्री अमित शाह (@AmitShah) ने पोस्ट किया, “आज लोकसभा में ‘पब्लिक एग्जामिनेशन (अनुचित साधनों की रोकथाम) संशोधन बिल, 2026’ के पास होने पर भारत के सभी छात्रों को बधाई। यह बिल सार्वजनिक परीक्षाओं की पवित्रता को भंग करने की हिम्मत करने वालों के लिए सबसे कड़ी सज़ा के कड़े प्रावधान करके हमारे युवाओं के सपनों और आकांक्षाओं की रक्षा करता है। मोदी सरकार हमारे छात्रों के भविष्य को खतरे में डालने की कोशिश करने वाले किसी भी व्यक्ति को नहीं बख्शेगी और यह सुनिश्चित करने में कोई कसर नहीं छोड़ेगी कि उन्हें कानून की पूरी सख़्ती का सामना करना पड़े।”
बिल को लेकर जितेंद्र सिंह ने क्या कहा?
पेपर लीक विरोधी बिल पर लोकसभा में बुधवार को चर्चा हुई, जिसमें नेता प्रतिपक्ष राहुल गांधी ने भी अपनी बात रखी, जिस पर हंगामा भी हुआ। इसके बाद केंद्रीय मंत्री जितेंद्र सिंह जवाब देने आए और उन्होंने एंटी पेपर लीक के बारे में कहा कि अब पांच महीने में ही पेपर लीक का पूरा फैसला हो जाएगा। उन्होंने कहा कि पेपर लीक की जानकारी 7-8 जुलाई को आई थी, इसे केस को सीबीआई को सौंप दिया गया। इस मामले में 13 लोग हिरासत में लिए गए। इसके बाद 92 जगहों पर रेड की गई और 12 तारीख को ही सीबीआई को केस दिया गया और कल चार्जशीट दाखिल हो गई है और आज से ट्रायल भी शुरू हो गया। इस नए कानून के तहत पूरा का पूरा फैसला पांच महीने में हो जाएगा।






































