
मानसून सत्र का रिपोर्ट कार्ड
संसद का मानसून सत्र पूरा हो चुका है। देश की 18वीं लोकसभा का 5वां और राज्यसभा का 268वां सत्र 21 जुलाई को शुरू हुआ और 21 अगस्त को खत्म हुआ। इसकी शुरुआत ही काफी विवादित रही। उपराष्ट्रपति जगदीप धनखड़ ने सत्र के पहले दिन ही इस्तीफा दे दिया। इसके बाद पूरे सत्र में राज्यसभा की कार्रवाई उप सभापति हरिवंश नरायण सिंह ने संभाली। इस सत्र में कुल 32 दिन सदन चला और 21 बैठकें हुईं। इस दौरान लोकसभा में 14 बिल पेश किए गए और 12 बिल पास हुए। वहीं, राज्यसभा से 15 बिल पारित/वापस किए गए। इनमें आयकर विधेयक भी शामिल है, जिसे सरकार ने वापस ले लिया है।
ऑपरेशन सिंदूर पर 28,29 जुलाई को लोकसभा में और 29,30 जुलाई को राज्यसभा में विशेष चर्चा हुई। लोक सभा में 18 घंटे 41 मिनट तक चर्चा हुई, जिसमें 73 सदस्यों ने भाग लिया और प्रधानमंत्री ने इसका उत्तर दिया। राज्य सभा में कुल 16 घंटे 25 मिनट तक चर्चा की गई, जिसमें 65 सदस्य शामिल हुए और गृह मंत्री ने इसका जवाब दिया। इस सत्र में मणिपुर में 13 अगस्त से 6 महीने के लिए राष्ट्रपति शासन बढ़ाने वाला संकल्प भी स्वीकार किया गया।
आयकर अधिनियम की समीक्षा
आयकर विधेयक 13 मार्च को लोकसभा में पेश किया गया और इसे जांच के लिए प्रवर समिति को भेज दिया गया। समिति की रिपोर्ट 21 जुलाई को लोकसभा में पेश हुई। सरकार ने सभी सिफारिशें स्वीकार करते हुए आयकर विधेयक, 2025 को वापस लेने का निर्णय लिया। इसके साथ ही राष्ट्रीय खेल प्रशासन विधेयक, 2025 भी पारित किया गया। इसका उद्देश्य खेलों के विकास और खिलाड़ियों के हित में योजनाएं बनाना है।
ऑनलाइन गेमिंग पर रोक
ऑनलाइन गेमिंग विज्ञापन और विनियमन विधेयक, 2025 पारित किया गया, जिसका उद्देश्य ई-स्पोर्ट्स, शैक्षिक खेल व सामाजिक गेमिंग सहित ऑनलाइन गेमिंग क्षेत्र को बढ़ावा देना तथा विनियमित करना है। इसके साथ ही किसी भी कंप्यूटर संसाधन, मोबाइल डिवाइस या इंटरनेट के माध्यम से ऑनलाइन मनी गेम्स की पेशकश, संचालन, सुविधा, विज्ञापन, प्रचार तथा भागीदारी को प्रतिबंधित करना है।

मानसून सत्र का रिपोर्ट कार्ड
दोनों सदन से पारित हुए विधेयक
- लदान विधेयक, 2025
- समुद्र द्वारा माल ढुलाई विधेयक, 2025
- तटीय पोत परिवहन विधेयक, 2025
- व्यापारिक जहाजरानी विधेयक, 2025
- भारतीय बंदरगाह विधेयक
लोकसभा की प्रवर समिति के पास भेजे गए विधेयक
- दिवाला और दिवालियापन संहिता (संशोधन) विधेयक, 2025
- जन विश्वास (प्रावधानों में संशोधन) विधेयक, 2025
संयुक्त समिति के पास भेजे गए विधेयक
- संविधान (एक सौ तीसवां संशोधन) विधेयक, 2025
- केंद्र शासित प्रदेश सरकार (संशोधन) विधेयक, 2025
- जम्मू एवं कश्मीर पुनर्गठन (संशोधन) विधेयक, 2025
इस बिल में प्रधानमंत्री या केंद्रीय मंत्रिपरिषद में एक मंत्री और राज्यों तथा केंद्र शासित प्रदेशों के मुख्यमंत्री या मंत्रिपरिषद में एक मंत्री को हटाने का प्रावधान है, जो गंभीर आपराधिक आरोपों का सामना कर रहे हैं। जो लोग 5 साल या उससे अधिक अवधि के कारावास से दंडनीय हैं और गिरफ्तार किए गए हैं अथवा 30 दिनों से अधिक समय तक हिरासत में हैं, उन्हें भी हटाने का प्रावधान इस बिल में है।
मानसून सत्र रिपोर्ट कार्ड
अंतरिक्ष कार्यक्रम पर नहीं हो सकी चर्चा
अंतर्राष्ट्रीय अंतरिक्ष स्टेशन पर भारत के पहले अंतरिक्ष यात्री शुभांशु शुक्ला की उपलब्धियों और 2047 तक विकसित भारत के लिए अंतरिक्ष कार्यक्रम की महत्वपूर्ण भूमिका पर विशेष चर्चा भी 18 अगस्त को लोकसभा में शुरू की गई थी, लेकिन सदन में लगातार व्यवधान के कारण चर्चा पूरी नहीं हो सकी।
किस सदन में कितने घंटे चर्चा
पूरे सत्र के दौरान दोनों सदनों में लगातार व्यवधान देखा गया। लोकसभा की उत्पादकता लगभग 31% और राज्यसभा की लगभग 39% रही। इस सत्र के दौरान उपलब्ध कुल 120 घंटों में से लोकसभा में केवल 37 घंटे चर्चा हो सकी और राज्यसभा में केवल 41 घंटे 15 मिनट चर्चा हुई।







































