
हादसे से पहले और बाद की तस्वीरें
उत्तराखंड में कुदरत अपना कहर बरपा रहा है। आज उत्तरकाशी जिले के धराली गांव में अचानक बादल फट गया। बादल फटते ही सैलाब आ गया। पहाड़ का मलबा सैलाब बनकर नीचे आ गया। देखते ही देखते इस भयावह घटना से चीख पुकार मच गई। बादल फटते ही खीर गंगा उफान पर आ गई। कई मकान क्षतिग्रस्त हो गए या तेज पानी में बह गए। कई लोगों के मरने, लापता होने और फंसे होने की जानकारी सामने आई है। हादसे से पहले की धराली की सैटेलाइट इमेज सामने आई है। ऐसे में तस्वीरों में आप देखिए कि धराली में भयावह हादसे से पहले और बाद की क्या स्थितियां हैं?

हादसे से पहले की सैटेलाइट इमेज
तस्वीर में तबाही का मंजर
गांव में अचानक मची इस तबाही से चारों तरफ चीख-पुकार और अफरा-तफरी का माहौल है। हादसे की तस्वीरों को देखकर इस घटना की भयावहता का अंदाज़ा लगाया जा सकता है। प्रशासन ने घटना में अब तक 10 लोगों की मौत, 40 से ज्यादा लोगों के लापता होने और 100 से ज्यादा के फंसे होने की जानकारी दी है।

बादल फटने के बाद धराली की स्थिति
पर्यटक और मजदूर फंसे
खीर गंगा नदी में अचानक आई बाढ़ इतनी विनाशकारी थी कि इसने पांच होटलों को पूरी तरह बहा दिया। ऐसी आशंका है कि मलबे के नीचे 10 से 12 मजदूर भी दबे हो सकते हैं। इस भयानक घटना से पूरे इलाके में दहशत का माहौल है। उत्तरकाशी के जिलाधिकारी प्रशांत आर्य ने बताया कि बादल फटने की जगह पर कई होटल और रेस्टोरेंट थे। उन्होंने यह भी बताया कि कुछ पर्यटक भी वहां फंसे हुए हैं।
हेल्पलाइन नंबर जारी
उत्तराखंड के मुख्यमंत्री पुष्कर सिंह धामी ने इस घटना पर दुख जताया है। उन्होंने कहा कि राहत और बचाव कार्य के लिए SDRF, NDRF, और जिला प्रशासन की टीमें तुरंत जुट गई हैं। वे लगातार अधिकारियों के संपर्क में हैं और स्थिति पर नजर बनाए हुए हैं। इस आपदा को देखते हुए जिला प्रशासन ने लोगों की मदद के लिए हेल्पलाइन नंबर जारी किए हैं- 01374-222126, 01374-222722, और 9456556431। इन नंबरों पर कॉल कर जरूरी जानकारी ली जा सकती है।
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