मुंबई: ईरान के विदेश मंत्री अब्बास अरगची ने गुरुवार को ऐलान किया कि उनके देश ने भारत समेत सभी मित्र राष्ट्रों के जहाजों को हॉर्मुज जलडमरूमध्य से गुजरने की अनुमति दे दी है। ईरान के मुंबई स्थित महावाणिज्य दूतावास ने X पर पोस्ट करते हुए लिखा, ‘ईरान के विदेश मंत्री अब्बास अरगची ने कहा है: हमने चीन, रूस, भारत, इराक और पाकिस्तान समेत मित्र राष्ट्रों के लिए हॉर्मुज जलडमरूमध्य से गुजरने की अनुमति दे दी है।’ यह फैसला वैश्विक व्यापार, खासकर तेल और उर्वरक की सप्लाई के लिए बेहद महत्वपूर्ण माना जा रहा है।
गुटेरेस के बयान के ठीक बाद आया फैसला
बता दें कि यह फैसला संयुक्त राष्ट्र के महासचिव एंटोनियो गुटेरेस के बयान के ठीक बाद आया है। गुटेरेस ने हॉर्मुज जलडमरूमध्य को तुरंत खोलने की अपील की थी। उन्होंने एक्स पर लिखा, ‘हॉर्मुज जलडमरूमध्य का लंबे समय तक बंद रहना तेल, गैस और उर्वरक की आवाजाही को रोक रहा है। यह दुनिया भर में रोपाई के मौसम के महत्वपूर्ण समय में हो रहा है। क्षेत्र और उसके बाहर के आम नागरिक गंभीर नुकसान झेल रहे हैं और बहुत बड़ी असुरक्षा में जी रहे हैं। संयुक्त राष्ट्र युद्ध के परिणामों को कम करने के लिए काम कर रहा है। लड़ाई बंद करके हम तमाम परेशानियों से बच सकते हैं।’
गुटेरेस ने की लड़ाई को खत्म करने की अपील
गुटेरेस ने पश्चिम एशिया में चल रहे युद्ध को समाप्त करने की अपील करते हुए अमेरिका, इजरायल और ईरान से कहा, ‘अमेरिका और इजरायल के लिए मेरा संदेश यह है कि युद्ध समाप्त करने का समय आ गया है। मानवीय पीड़ा बढ़ रही है, नागरिकों की मौतें हो रही हैं और वैश्विक अर्थव्यवस्था पर इसका विनाशकारी असर पड़ रहा है। मेरा संदेश ईरान को यह है कि वे उन पड़ोसी देशों पर हमला बंद करें जो इस संघर्ष में शामिल नहीं हैं।’ इससे पहले 25 मार्च को न्यूयॉर्क में ईरानी मिशन ने एक्स पर घोषणा की थी कि वे ‘गैर-दुश्मन जहाजों’ को हॉर्मुज जलडमरूमध्य से गुजरने देंगे।






































