
भारतीय रिजर्व बैंक (आरबीआई) ने बैंकिंग नियमों के उल्लंघन को लेकर कोटक महिंद्रा बैंक के खिलाफ सख्त रुख अपनाया है। केंद्रीय बैंक ने शुक्रवार को एक आधिकारिक आदेश जारी करते हुए बैंक पर ₹61.95 लाख का मौद्रिक जुर्माना लगाया है। केंद्रीय बैंक की जांच में पाया गया कि कोटक महिंद्रा बैंक ने कई महत्वपूर्ण बैंकिंग दिशानिर्देशों का पालन नहीं किया था। इनमें बैंक ने उन ग्राहकों के लिए दूसरा ‘बेसिक सेविंग्स बैंक डिपॉजिट’ खाता खोल दिया, जिनके पास पहले से ही इस प्रकार के खाते मौजूद थे (जो कि नियमों के विरुद्ध है)।
आधिकारिक कार्यक्षेत्र से बाहर वित्तीय लेन-देन
जांच में यह भी सामने आया कि बैंक ने अपने बिजनेस कॉरेस्पॉन्डेंट्स के साथ ऐसे वित्तीय लेन-देन किए जो उनके आधिकारिक कार्यक्षेत्र से बाहर थे। साथ ही बैंक ने क्रेडिट इन्फॉर्मेशन कंपनियों को कुछ ग्राहकों से संबंधित गलत डेटा/जानकारी साझा की। यह कार्रवाई 11 दिसंबर, 2025 के आदेश के तहत की गई है। रिजर्व बैंक ने यह निष्कर्ष बैंक की 31 मार्च, 2024 तक की वित्तीय स्थिति के सांविधिक निरीक्षण के बाद निकाला।
केंद्रीय बैंक ने ये कर दिया स्पष्ट
सेंट्रल बैंक ने एक रिलीज़ में कहा की बैंक पर यह पेनाल्टी BR एक्ट के सेक्शन 47A(1)(c) के सेक्शन 46(4)(i) और क्रेडिट इन्फॉर्मेशन कंपनीज़ (रेगुलेशन) एक्ट, 2005 के सेक्शन 25(1)(iii) के सेक्शन 23(4) के प्रोविज़न्स के तहत RBI को दी गई शक्तियों का इस्तेमाल करते हुए लगाई गई है। केंद्रीय बैंक ने स्पष्ट किया है कि यह जुर्माना केवल विनियामक अनुपालन में कमियों पर आधारित है। इसका उद्देश्य बैंक द्वारा अपने ग्राहकों के साथ किए गए किसी भी लेनदेन या समझौते की वैधता पर सवाल उठाना नहीं है।







































