
घरेलू शेयर बाजार में सप्ताह के आखिरी कारोबारी दिन यानी शुक्रवार को हर निशान में शुरुआत के बाद गिरावट देखी गई। हालांकि बाद में मामूली रिकवरी भी दिखी। सुबह 9 बजकर 46 मिनट पर एक समय सेंसेक्स 52.48 अंक गिरकर 84128.48 के लेवल पर कारोबार करता दिखा। इसी समय निफ्टी 21.40 अंक टूटकर 25,855.45 के लेवल पर था। निफ्टी पर आज Eternal, ONGC, एशियन पेंट्स, भारत इलेक्ट्रॉनिक्स और एचसीएल टेक्नोलॉजीज टॉप गेनर्स में शामिल रहे। वहीं अदाणी एंटरप्राइजेज, आईसीआईसीआई बैंक, अदाणी पोर्ट्स, एनटीपीसी और टाटा मोटर्स पैसेंजर व्हीकल्स शेयरों में बिकवाली देखने को मिली और ये टॉप लूजर्स रहे।
इधर, 30 शेयरों वाले सेंसेक्स में आज आईसीआईसीआई बैंक, टाटा मोटर्स पैसेंजर व्हीकल्स, एनटीपीसी, अदाणी पोर्ट्स, सन फार्मा और ट्रेंट सबसे ज्यादा गिरावट वाले शेयरों में शामिल रहे। वहीं दूसरी ओर एटरनल, एचसीएल टेक, भारत इलेक्ट्रॉनिक्स और एशियन पेंट्स के शेयरों में मजबूती देखने को मिली और ये सेंसेक्स के प्रमुख गेनर्स रहे।

शुक्रवार को शुरुआती सत्र में एनएसई में शामिल कंपनियों का प्रदर्शन।
रियल्टी, पावर और हेल्थकेयर शेयरों में गिरावट
बीएसई का मिडकैप और स्मॉलकैप इंडेक्स 0.5% से 1% तक की गिरावट के साथ कारोबार कर रहे। सेक्टोरल आधार पर रियल्टी, पावर, मीडिया और हेल्थकेयर शेयरों में 0.5% से 1% की कमजोरी रही। जबकि टेलीकॉम, पीएसयू बैंक और ऑयल एंड गैस सेक्टर में करीब 0.5% की बढ़त दर्ज की गई।

शुक्रवार को शुरुआती सत्र में सेंसेक्स में शामिल कंपनियों का प्रदर्शन।
रुपया अमेरिकी डॉलर के मुकाबले 7 पैसे टूटा
शुक्रवार को शुरुआती कारोबार में रुपया अमेरिकी डॉलर के मुकाबले 7 पैसे टूटकर 89.97 पर आ गया। इसकी प्रमुख वजह लगातार एफआईआई आउटफ्लो, वैश्विक कच्चे तेल की कीमतों में तेजी और घरेलू बाजारों में कमजोर निवेश धारणा रही। फॉरेक्स बाजार के जानकारों के मुताबिक, अमेरिका द्वारा अतिरिक्त टैरिफ लगाए जाने की आशंका के चलते विदेशी निवेशकों ने भारतीय इक्विटी बाजारों से बिकवाली की, जिससे रुपये पर दबाव और बढ़ गया।
इंटरबैंक फॉरेन एक्सचेंज में रुपया 88.88 पर खुला, लेकिन जल्द ही कमजोरी बढ़ती गई और यह 89.97 के स्तर तक फिसल गया, जो पिछले बंद भाव से 7 पैसे कम है। गौरतलब है कि गुरुवार को भी रुपये में गिरावट दर्ज की गई थी। लगातार विदेशी पूंजी निकासी और डॉलर की मजबूती के बीच रुपया 3 पैसे टूटकर 89.90 पर बंद हुआ था।
रुपये के बाजार में भारी उतार-चढ़ाव
फिनरेक्स ट्रेज़री एडवाइजर्स एलएलपी के ट्रेज़री हेड और एग्जीक्यूटिव डायरेक्टर अनिल कुमार भंसाली ने कहा कि गुरुवार को रुपये के बाजार में भारी उतार-चढ़ाव देखने को मिला। उनके मुताबिक, आरबीआई ने 89.99 के स्तर पर डॉलर बेचकर रुपये को मजबूत करते हुए 89.73 तक पहुंचाया, लेकिन इसके बाद एफपीआई ने डॉलर की खरीदारी शुरू कर दी। भंसाली ने आगे बताया कि फिलहाल आरबीआई डॉलर की तेजी पर रोक लगाने की कोशिश कर रहा है, जिसके चलते उसके लिए बड़े पैमाने पर ओवरसोल्ड पोजीशन बन रही है। इसका असर यह हो सकता है कि निचले स्तरों पर डॉलर की मांग बनी रहे, क्योंकि आरबीआई आगे चलकर अपनी पोजीशन को स्क्वायर करने की कोशिश करेगा।







































